नवचंडी मंदिर परिसर में सजा ‘निमाड़ की कलाओं का उत्सव

गम्मत, गणगौर और काठी नृत्य ने बांधा समां, बड़ी संख्या में दर्शकों ने लिया आनंद

खंडवा-नवचंडी मंदिर परिसर में मध्यप्रदेश शासन के संस्कृति विभाग द्वारा दो दिवसीय ‘निमाड़ की कलाओं का उत्सव’ का आयोजन किया जा रहा है। 28 एवं 29 सितंबर को प्रतिदिन शाम 6:30 बजे से आयोजित इस उत्सव में ‘खेती खेड़ो हरिनाम की’ शीर्षक से निमाड़ की लोककला, लोकसंगीत और सांस्कृतिक परंपराओं की प्रस्तुतियां दी जा रही हैं। आयोजन में जिला प्रशासन का सहयोग है तथा प्रवेश निःशुल्क रखा गया है।

 

उत्सव के पहले दिन निमाड़ी गायन में मीरा व्यास एवं साथी, गम्मत में अशोक बास्कर एवं साथी, गणगौर नृत्य में सोनम जैन एवं साथी तथा काठी नृत्य में रामदास साकले एवं साथी ने अपनी प्रस्तुतियों से दर्शकों को मंत्रमुग्ध किया। लोक कलाकारों ने अपनी कला के माध्यम से निमाड़ की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और लोक परंपराओं को जीवंत रूप में प्रस्तुत किया।

कार्यक्रम में सांसद  ज्ञानेश्वर पाटिल, खंडवा विधायक कंचन मुकेश तनवे, राजभवन भोपाल के जनजातीय प्रकोष्ठ की विषय विशेषज्ञ डॉ. दीपमाला रावत, युवा मोर्चा जिला अध्यक्ष  सागर अर्तनी, कलेक्टर  ऋषव गुप्ता, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी ऐश्वर्या वर्मा, एडीएम श्रद्धा शुक्ला सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी उपस्थित रहे

कार्यक्रम में सांसद  ज्ञानेश्वर पाटिल ने कहान जिलेवासियों से निमाड़ की लोककला एवं संस्कृति को करीब से जानने और कलाकारों का उत्साहवर्धन करने के लिए अधिक से अधिक संख्या में कार्यक्रम में शामिल होने की अपील की है।

उत्सव के दूसरे दिन 29 सितंबर को ‘खेती खेड़ो हरिनाम की’ के अंतर्गत संत सिंगाजी के जीवन एवं उनके अवदान पर केंद्रित नृत्य-नाट्य का मंचन किया जाएगा। इसका निर्देशन चंद्रमाधव बारीक करेंगे। संगीत कुलदीप सारवा तथा लेखन योगेश त्रिपाठी का रहेगा।

Leave a Reply