Gazal : सोचा था कुछ तो बदल जाएगी जिन्दगी हमारी…
सोचा था कुछ तो बदल जाएगी जिन्दगी हमारी, लेकिन फिर आंसूओं में ढल गई जिन्दगी हमारी, क्या कुछ नहीं किया…
Gazal : है क्या जिन्दगी का सच जानता कोई नहीं…
है क्या जिन्दगी का सच जानता कोई नहीं, खाली हाथ जाना है बस मानता कोई नहीं, पीछे ही रह जाएगें…
Gazal : मैंने तो सारा घर बांट दिया संसार को…
अच्छा हुआ भुला दिया तुने मेरे प्यार को, मैंने तो सारा घर बांट दिया संसार को, तेरा प्यार न जाने…
Gazal : मेरा साया आज मेरे साथ नहीं…
मेरा साया आज मेरे साथ नहीं, किस गली से गुजरा हूं मैं आज मुझे याद नहीं, जिन्दगी में हर मुकाम…
