पिता का मौन
पिता के जाने के बाद घर में कुछ भी नहीं बदला — घड़ी अब भी चलती थी, अलमारी में उनके…
पिता के जाने के बाद घर में कुछ भी नहीं बदला — घड़ी अब भी चलती थी, अलमारी में उनके…
महात्मा बुद्ध अपने शिष्यों के साथ बैठे थे। एक शिष्य ने पूछा, “कर्म क्या है?” महात्मा बुद्ध ने उत्तर दिया,…
उदास आंखों से वो नदी में बहते हुए पानी को देख रही थी। कई ऐसे सवाल थे जो वो जिन्दगी…
आज मिनल बहुत ज्यादा खुश थी। उसके पुरे घर में खुशियों भरा माहौल था। चारों तरफ खुशियां ही खुशियां नजर…
आज मकर संक्रान्ति का त्यौहार था। साक्षी अपने बहेन-भाई के बच्चों के साथ घर की छत पर पतंग उड़ा रही…
Christmas Day Special दिसंबर की सर्द मौसम की सुबह थी। चारों तरफ कोहरा सा छाया था। हाथ को हाथ नजर…
शीतल अपने घर के सामने गार्डन में बैठकर गार्डन में खिले रंग-बिरंगी फूलों को निहार रही है, और अपनी अशान्त…
शीतल अपने घर के सामने गार्डन में बैठकर गार्डन में खिले रंग-बिरंगी फूलों को निहार रही है, और अपनी अशान्त…
आज दीपक का ऑफिस में जल्दी काम पूरा हो गया था। तो वो सोचता है क्यों न आज जल्दी घर…
निरमला आज बहुत ज्यादा गुस्से में थी। निलेश के आते ही उस पर बरस पड़ी। मैंने तुमसे कहा था न…