पावनसिटी समाचार पत्र हरदा
मध्य प्रदेश के हरदा जिले में पुलिस अधीक्षक शशांक अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अमित कुमार मिश्रा एवं अनुविभागीय अधिकारी श्रीमती शालिनी परस्ते के नेतृत्व मैं अवेद हा आबिद मादक पदार्थ एमडी रखना वाले प्रतिष्ठित परिवार के लड़के पंकेश झावर पिता बनवारी लाल झावर एमडी रखने वाले आरोपी को गिरफ्तार करके सरायनी कार्य किया गया भाटपार हटिया तेरा चौराहे पर वाहन चेकिंग के दौरान स्कूटी UP14CJ3205 के चालक पंकेश झावर को रोकने का प्रयास किया गया लेकिन वह घबराकर भागने की कोशिश किया व्यक्ति के आचरण शक दायरे में देखा गया पुलिस स्टाफ की मदद से उसकी हिरासत में लिया गया आरोपी के पास से 2.61 एचडी जप्त की गई जो उसकी पिछले जेब में एचडी ड्रग्स का पाउच निकल गया पंकेशजेब में से जींस की जेब में पिछले जब में से गोल्डन ब्राउन रंग का पदार्थ मिला बरामद मिले पदार्थ के संबंध में जब उससे पूछा गया तो उसने कबूल एमडी पाउडर बताया पुलिस द्वारा उसे नाम पता पूछने पर उसने अपना नाम पंकजे झावर पिता बनवारी लाल झावर उमर 38 वर्ष पोस्ट ऑफिस के सामने हरदा बताया पंकजे झावर पिता बनवारी लाल झावर के पास से एचडी ड्रग्स 2.61 ग्राम ड्रग्स को जप्त कर आरोपी को गिरफ्तार किया गया आरोपी पर अपराध क्रमांक 528/25 धारा 8/22 NDPS एक्ट कायम किया गया पूछताछ में पता चला कि उसके साथ में छोटी हरदा निवासी महेश उर्फ पप्पू खिलेरी से एमडी लेने का बताया गया महेश और पप्पू खिलेरी पुलिस की गिरफ्तार से फरार है पुलिस उसकी तलाशी कर रही है पुलिस स्कूल डॉग के तापसी से छोटी हरदा के निवास पर तलाशी में उसके घर पर से लकड़ी के शोकेस के ऊपर काली पानी में अवैध पदार्थ के 341 ग्राम के ड्रग्स जिसकी कीमत 68 लाख के लगभग जगती की गई पुलिस के सहारनी भूमि का निभाने वाले पुलिस स्टाफ के इन लोगों का योगदान रहा जिनमें हरदा थाना प्रभारी पुरुषोत्तम गौर सुरेंद्र श्रीवास्तव, जितेंद्र राजपूत, अनीता शर्मा, प्रधान आरक्षक हर प्रसाद पटेल, शैलेंद्र धुर्वे, निलेश तिवारी, आरक्षक नीलेश पटेल, राम नरेश गुर्जर, दीपक बरकड़े, डीसीबी शाखा से तुषार धनगर, शैलेंद्र परमार, सावन ठाकुर, साइबर सेल से मनोज दोहरे, लोकेश सतपुते, कमलेश परिहार, डॉग एस्कॉर्ट रक्षक राजकुमार इवने, 6 बटालियन एवं डॉग स्कर्ट की मुख्य भूमिका रही
हरदा में एमडी नशे का बड़ा भंडाफोड़ पुलिस के हत्थे चढ़ी करीब 1 करोड़ रुपये की मादक पदार्थ एमडी ड्रग्स हरदा पुलिस अधीक्षक शशांक ने किया खुलासा
जिस तरह नशाखोरी की जड़ें समाज, युवाओं और प्रशासन तक फैलती दिखाई गई थीं, वह केवल सिनेमा की कहानी नहीं बल्कि एक भयावह सच्चाई का आईना थी। आज उसी खतरे की आहट मध्यप्रदेश के कई जिलों में महसूस की जा रही है, जहां नशे के कारोबार का फैलता नेटवर्क समाज को अंदर तक खोखला कर रहा है। हरदा जिला भी इससे अछूता नहीं है एम.डी. जैसे खतरनाक ड्रग्स की बरामदगी, शराब की अवैध बिक्री और युवाओं की बढ़ती लत इस बात का संकेत दे रहे हैं कि स्थिति गंभीर हो चुकी है। बल्कि मैं तो यहां तक कह दूं कि हरदा में #नशाखोरी सबसे ज्यादा चरम स्थिति में है। यह सब लोग जानते हैं लेकिन कहता कोई नहीं सिवाय उन्हीं कों जिनको लगता है कि हमारा हरदा #नशे की गिरफ्त में है और आने वाले समय में युवा पीढ़ी पूरी तरह समाप्त होते हुए दिखाई दे रही है। बस उन्हीं लोगों को हरदा की चिंता है। यहां के निवासरत लोगों की चिंता है, बाकी किसी को भी नहीं।
इसीलिए समय रहते #आवाज उठाना जरूरी है कि हरदा को उड़ता पंजाब बनने से बचाया जाए। यह केवल जिला प्रशासन या पुलिस प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि समाज के हर नागरिक की भागीदारी अनिवार्य है। सरकार द्वारा नशा मुक्त प्रदेश का लक्ष्य तभी पूरा होगा जब स्थानीय स्तर पर जनसहयोग, जागरूकता और सख्त कार्रवाई मिलकर एक संयुक्त प्रयास बनाएंगे।
#जिलाप्रशासन और #पुलिसप्रशासन से निवेदन है कि नशे के नेटवर्क को जड़ से खत्म करने के लिए और अधिक सख्ती अपनाई जाए। नशे की #तस्करी, सप्लाई चेन, खपत के हॉटस्पॉट और अवैध स्टॉक पर नियमित निगरानी हो। छोटी-छोटी गांव स्तर की सूचना पर तुरंत कार्रवाई की जाए और #NDPS एक्ट के तहत कठोर दंड का प्रभावी उपयोग किया जाए।
इसके साथ ही, जनता से भी अपेक्षा है कि वे केवल शिकायतकर्ता न बनें, बल्कि समाधान का हिस्सा भी बनें। अभिभावकों, शिक्षकों और समाजसेवियों को #युवाओं में जागरूकता अभियान चलाने चाहिए। कोई भी संदिग्ध गतिविधि, अवैध शराब की बिक्री, या नशा सप्लाई की सूचना तुरंत पुलिस को दें। इसी तरह व्यापारी, बस-ट्रक परिवहन से जुड़े लोग, और स्थानीय संगठन भी निगरानी में सहयोग करें क्योंकि नशा किसी एक व्यक्ति का नहीं बल्कि पूरे #समाज का नुकसान करता है।
जैसे ही समाज और प्रशासन मिलकर काम करेंगे, शराब और अन्य नशीली वस्तुओं पर अंकुश लगना स्वाभाविक है। कानून व्यवस्था मजबूत होगी, युवा सुरक्षित होंगे और हरदा जिला नशा मुक्त समाज का उदाहरण बन सकेगा। याद रहे, सरकार की मंशा स्पष्ट है स्वस्थ, सुरक्षित और नशा मुक्त मध्यप्रदेश। इसे धरातल पर उतारना हम सबकी सामूहिक जिम्मेदारी है। इन दो दिनों में पकड़े गए लोगों को जिनके पास से #एमडीड्रग बरामद हुआ है। इस पर पुलिस प्रशासन को मैं बधाई देना चाहूंगा कि उन्होंने मेहनत करके इन लोगों की गर्दानों तक अपने हाथों को पहुंचाया, लेकिन कहानी यहाँ समाप्त नहीं होती बल्कि पुलिस को तो और सतर्कता और बड़ी कार्रवाइयों की बातें करना चाहिए। क्योंकि एसपी साहब अभी आपने बहुत कम लोगों को पकड़ा है। इस धंधे में बड़े-बड़े लोग शामिल हैं, जिनके पास #पैसों की कोई चिंता नहीं है। शहर में चर्चा का विषय है कि एसपी साहब को बहुत से फोन आए एम डी ड्रग पकड़ने वालों के #समर्थन में,लेकिन एसपी साहब ने कोई किसी भी व्यक्ति की जिनके फोन आए। उनकी बात नहीं मानते हुए #कार्रवाई की, इस बात के लिए मैं उन्हें बधाई देना चाहूंगा। छिपानेर रोड पर अवैध ढाबों एवं शराबियों पर भी छापे मार कार्रवाई करके यह साबित कर दीजिये कि आप कार्रवाई करने वाले IPS अधिकारी हो। वरना हम तो साहब आपको बार-बार आपका कार्य याद दिलाते रहेंगे। जो जिले में कानूनव्यवस्था के लिए ठीक रहेगा, वही लिखेंगे और करेंगे।

