पावनसिटी समाचार पत्र खंडवा
खंडवा- सरकार की विभिन्न स्वरोजगार योजनाओं में शासन द्वारा निर्धारित लक्ष्य अनुसार प्रकरण स्वीकृत करें, और हितग्राहियो को स्वीकृत राशि वितरित भी करें। कलेक्टर श्री ऋषव गुप्ता ने यह निर्देश कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित बैंकर्स की बैठक में दिए। उन्होंने कहा कि महिला स्व सहायता समूहों के खाते बैंकों में प्राथमिकता से खोलें और उन्हें ऋण दें, ताकि वे छोटा-मोटा व्यवसाय शुरू कर आत्मनिर्भर हो सकें। बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी डॉ. नागार्जुन बी. गौड़ा और अपर कलेक्टर श्रीमती सृष्टि देशमुख गौड़ा के साथ-साथ रिजर्व बैंक एवं नाबार्ड बैंक के प्रतिनिधि और जिले के अग्रणी बैंक प्रबंधक भी मौजूद थे।
कलेक्टर गुप्ता ने इस अवसर पर बैंकर्स से कहा कि विभिन्न स्वरोजगार योजनाओ के तहत प्राप्त आवेदनो में जो भी कमियां हों, उनकी पूर्ति करवाने के बाद ही आवेदन लें, ताकि गरीब आवेदकों को छोटे-छोटे ऋण के लिए बैंकों के बार बार चक्कर ना लगाने पड़ें। उन्होंने कहा कि किसी भी आवेदक का आवेदन अनावश्यक लंबित ना रखें, या तो उसे स्वीकृत करें या उचित कारण बताते हुए निरस्त करें।
कलेक्टर श्री गुप्ता ने बैंकों की ऋण वसूली की प्रगति पर असंतोष व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि ऋण वसूली में जिला प्रशासन बैंकों को हर संभव सहयोग करेगा। बैठक में बताया गया कि संत रविदास स्वरोजगार योजना में अब तक 29 प्रकरण स्वीकृत किए गए हैं जिनमें 27 प्रकरणों में राशि संबंधित हितग्राही को वितरित की जा चुकी है। इसी तरह बीआर अंबेडकर आर्थिक कल्याण योजना में 71 प्रकरणों मे आर्थिक मदद हितग्राहियों को वितरित की जा चुकी है। इसी तरह सावित्रीबाई फुले स्वरोजगार योजना में तीन प्रकरणों में मदद वितरित की जा चुकी है। टंट्या मामा आर्थिक कल्याण योजना में 34 प्रकरणों में तथा बिरसा मुंडा स्वरोजगार योजना में चार प्रकरणों मे संबंधित हितग्राही को आर्थिक मदद वितरित की जा चुकी है। बैठक में कलेक्टर श्री गुप्ता ने प्रधानमंत्री मुद्रा लोन योजना, प्रधानमंत्री उद्यम क्रांति योजना, उद्यानिकी विभाग की पी.एम. एफ. एम.ई, योजना, पीएम विश्वकर्मां योजना, प्रधानमंत्री जीवन सुरक्षा योजना, प्रधानमंत्री जीवन ज्योति योजना सहित विभिन्न स्वरोजगार योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की।